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कामरूप (असम), 02 मार्च (हि.स.)। कामरूप (ग्रामीण) जिलांतर्गत रंगिया स्थित सशस्त्र सीमा बल की 24वीं वाहिनी के कमांडेट दीपक सिंह के मार्गदर्शन में नागरिक कल्याण कार्यक्रम के तहत वाहिनी के कार्य क्षेत्र में सीमा चौकी नालापारा एवं राजागढ़ में दो दिवसीय मानव चिकित्सा शिविर लगाया गया।
वाहिनी के कार्यक्षेत्र में सुदूर भूटान सीमावर्ती इलाके में स्थित गांव वालों को 24वीं वाहिनी द्वारा समय-समय पर चिकित्सीय परामर्श तथा मुफ्त में सम्बंधित बिमारियों की दवाइयां उपलब्ध कराई जाती हैं। इसी सन्दर्भ में आयोजित दो दिवसीय मानव चिकित्सा शिविर आज संपन्न हो गया। शिविर में वाहिनी की सहायक कमांडेट (चिकित्सा अधिकारी) डॉ. वंदना देवी खरिबम एवं वाहिनी पैरामेडिकल स्टाफ द्वारा सीमावर्ती गांव बोरंगाजुली 1, 2, 3, नालापारा, जुराबस्ती, ओरंगा बस्ती तथा देवचुंगा के नागरिकों के स्वास्थ की जांच कर उचित परामर्श दिया गया तथा उनको स्वास्थ संबंधी आवश्यक दवाईयां निःशुल्क वितरित की गई।
इस मानव चिकित्सा शिविर के दौरान ग्रामीणों को उच्च रक्तचाप, मधुमेह तथा जलजनित बिमारियों के संभावित लक्षण एवं इनके रोकथाम हेतु डॉ. खरिबम द्वारा विस्तृत जानकारी दी गयी। 24वीं वाहिनी द्वारा नागरिक कल्याण कार्यक्रम के तहत विभिन्न प्रोग्राम जैस कंप्यूटर प्रशिक्षण, सिलाई प्रशिक्षण, मधुमक्खी पालन, मशरूम की खेती एवं शैक्षिणक भ्रमण के साथ-साथ जागरूकता कार्यक्रम जैसे-नशा मुक्त भारत अभियान, पर्यावरण के लिए जीवन शैली, पशु चिकित्सा कार्यक्रम, बेटी बचाओ बेटी पढाओ, स्वच्छ भारत अभियान आदि निरंतर सीमाक्षेत्र के नागरिकों के साथ मिलकर उनके विकास एवं उज्जवल भविष्य के लिए चलाये जा रहे हैं।
एसएसबी के सूत्रों ने बताया है कि हमारा ध्येय सेवा, सुरक्षा एवं बंधुत्व है। हम सीमावर्ती क्षेत्र के नागरिकों के कल्याण के लिए सदैव तत्पर रहेंगे एवं अपना हर संभव प्रयास करेंगे। उक्त मानव चिकित्सा शिविर कार्यक्रम में उपस्थित सीमावर्ती नागिरक काफी उत्साहित दिखे एवं उन्होंने इस कार्यक्रम की जमकर सराहना की।
हिन्दुस्थान समाचार/प्रकाश/अरविंद