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गुवाहाटी, 22 फरवरी (हि.स.)। असम विधानसभा के चालू बजट सत्र के दौरान आज मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस समेत पूरे विपक्ष ने महिला एवं शिशु कल्याण विभाग से संबंधित कटौती प्रस्ताव पर सदन से बहिर्गमन किया। विपक्ष द्वारा सदन में लाए गए इस कटौती प्रस्ताव पर अध्यक्ष विश्वजीत दैमारी ने सदन में चर्चा करने की अनुमति दी। चर्चा में सत्ता तथा विपक्ष के अनेक सदस्यों ने भाग लिया। विधायकों ने इस दौरान राज्य के आंगनबाड़ी केंद्रों में दिए जा रहे एसएनपी (बच्चों को भोजन) के गुणवत्ता पर सवाल उठाया।
सदन में प्रतिपक्ष के नेता देवब्रत सैकिया ने निम्न स्तरीय खाद्य उपलब्ध करवाने के मामले की जांच कराने तथा एक सदन कमेटी बनाकर आंगनबाड़ी केंद्रों में दिए जा रहे एसएनपी के मेन्यू में बदलाव करवाने की बात कही। साथ ही उन्होंने आंगनबाड़ी कर्मियों एवं सहायिकाओं के वेतन बढ़ाने संबंधी विभागीय निदेशक द्वारा भेजे गए प्रस्ताव पर विभागीय मंत्री अजंता नेओग से सदन में आश्वासन मांगा।
वहीं, कांग्रेस विधायक रकीबुल हुसैन ने मॉडल सेंटर के निर्माण में सभी विधायकों को समान रूप से शामिल नहीं करने का सवाल उठाया। विधायक अखिल गोगोई ने एसएनपी मैं हो रही गड़बड़ी की जांच कराने की मांग की। उन्होंने साथ ही प्रस्तुति तथा नवजात शिशु के मृत्युदर में असम का देश के भीतर चौथे स्थान होने की भी बात कही। विधायक भारत चंद्र नरह ने असम में आंगनबाड़ी कर्मियों एवं सहायिकाओं का वेतन देशभर की तुलना में सबसे कम होने तथा एसएनपी की गुणवत्ता की जांच कराने संबंधी मांग की। वहीं विभिन्न सदस्यों ने मॉडल सेंटर के निर्माण चाय बागान तथा चर क्षेत्र में कराने, आंगनबाड़ी कर्मियों एवं सहायिकाओं का वेतन बढ़ाने आदि की मांग सदन में उठाई।
चर्चा के अंत में राज्य की समाज कल्याण मंत्री अजंता नेओग ने विपक्ष के कटौती प्रस्ताव का उत्तर दिया। विपक्षी सदस्यों द्वारा बीच-बीच में होती रही टोका-टोकी एवं गर्मा-गर्मी के बीच विभागीय मंत्री ने अपना पूरा उत्तर दिया। उत्तर से संतुष्ट नहीं होकर विपक्षी दल कांग्रेस के विधायक अखिल गोगोई समेत अनेक विपक्षी विधायकों ने सदन से वर्कआउट कर दिया।
इसके बाद सदन में मौजूद सदस्यों के बीच बहुमत से कटौती प्रस्ताव को सदन के पटल से उठा लिया गया। विपक्ष के बहिर्गमन के बीच विधानसभा अध्यक्ष दैमारी ने समाज कल्याण मंत्री अजंता नेओग के विभागीय मंजूरी प्रस्ताव को सदन में ध्वनिमत से पारित कराया। इसके साथ ही कई विभागों के प्रस्ताव भी इस दौरान पारित किए गए।
हिन्दुस्थान समाचार /श्रीप्रकाश/अरविंद