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श्रीनगर, 27 फरवरी (हि.स.)। जम्मू-कश्मीर में भारी बर्फबारी के पूर्वानुमान के मद्देनजर स्थानीय मौसम विभाग ने एक सलाह जारी करते हुए कश्मीर घाटी में सतह और हवाई परिवहन में व्यवधान के बारे में आगाह किया गया है।
क्षेत्रीय मौसम केंद्र ने कहा कि एक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के 29 तारीख की शाम/रात से जम्मू-कश्मीर और आसपास के क्षेत्रों को प्रभावित करने की सबसे अधिक संभावना है। इसमें कहा गया है कि इस प्रणाली के प्रभाव के तहत जम्मू और कश्मीर में 29 मार्च की रात/01 मार्च की सुबह से 3 मार्च की दोपहर तक व्यापक मध्यम बारिश व बर्फबारी होने की उम्मीद है और 2 मार्च को इसकी चरम गतिविधि होगी।
विभाग ने कहा कि उपरोक्त प्रणाली के कारण जम्मू संभाग के पीरपंजाल रेंज और कश्मीर संभाग (अनंतनाग-पहलगाम, कुलगाम, सिंथन दर्रा, शुपियान-पीर की गली, सोनमर्ग-ज़ोजिला, बांदीपोरा-राजदान दर्रा, गुलमर्ग और कुपवाड़ा-सचना दर्रा) के मध्य और ऊंचे इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश व बर्फबारी होने की संभावना है।
मौसम की इस गतिविधि के कारण जम्मू-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग और जम्मू-कश्मीर के मध्य और ऊंचे इलाकों की अन्य प्रमुख सड़कों सहित सतह और हवाई परिवहन में व्यवधान हो सकता है। इसमें बर्फीले इलाकों के लोगों से कहा गया है कि वे ढलान वाले और हिमस्खलन वाले इलाकों में जाने से बचें। इसके अलावा संवेदनशील क्षेत्रों में भूस्खलन और पत्थर गिरने की संभावना सबसे अधिक है। किसानों को सलाह दी गई है कि वे मार्च के पहले सप्ताह के दौरान सभी कृषि कार्यों को रोक दें।
हिन्दुस्थान समाचार/सुमन/बलवान