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रायपुर, 23 मार्च (हि.स.)। वरिष्ठ भाजपा नेता नारायण चंदेल ने कहा कि कांग्रेस के कार्यकर्ताओं को सच नहीं बोलने के लिए एक तरह से भूपेश बघेल ने अघोषित रूप से आपातकाल लागू कर रखा है। राजनांदगांव में आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन में भूपेश बघेल को उनके सामने ही मंच से कांग्रेस के पूर्व जिला पंचायत उपाध्यक्ष सुरेंद्र दाऊ ने उपेक्षा करने का आरोप लगाया था। सुरेंद्र दाऊ को धमकियां मिलने लगी है। ऐसे में उन्हें पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध कराई गई है।
वरिष्ठ भाजपा नेता नारायण चंदेल ने शनिवार को जारी अपने बयान में कहा कि भूपेश बघेल ने अपने 5 साल के कार्यकाल में कार्यकर्ताओं को लेकर चलने के बजाए दलालों और भ्रष्ट अधिकारियों को मोहरा बनाकर प्रदेश की जनता को सरेआम लूटने का काम किया। जिसे छत्तीसगढ़ की जनता के साथ-साथ कार्यकर्ता भी जान चुके हैं। यही कारण है कि भूपेश बघेल जब राजनांदगांव में चुनाव प्रचार के दौरान जनसंपर्क कर रहे हैं तो उन्हें जनता की नाराजगी झेलनी पड़ रही है।
वरिष्ठ भाजपा नेता नारायण चंदेल ने कहा कि इस बार जनता कांग्रेस को लोकसभा के चुनाव में सबक सिखाएगी। क्योंकि पूरे साल भूपेश सरकार में कांग्रेसियों ने गौठान घोटाला, कोयला घोटाला, चावल घोटाला, डीएमएफ फंड घोटाला, पीएएसी घोटाला सहित अवैध रेती खनन में कई हजार करोड़ के घोटाले किए। इतना ही नहीं भूपेश ने महादेव सट्टा एप के जरिए 500 करोड़ रुपये से अधिक अवैध कमाई की। भूपेश की पूर्ववर्ती सरकार में हुए इन काले कारनामों को लेकर जनता में आक्रोश है। यही वजह है कि कांग्रेस के कार्यकर्ता जब घर-घर जनसंपर्क में निकल रहे है तो उन्हें जनता दुत्कार रही है और अपनी नाराजगी जाहिर कर रही है। यही वजह है कि सुरेंद्र दाऊ जैसे कार्यकर्ता अब भूपेश बघेल के राजनांदगांव से टिकट काटने की बात कर रहे हैं। कांग्रेस कार्यकर्ताओं का ही आरोप है कि भूपेश बघेल पार्टी के अंदर लोकतंत्र की हत्या करने पर तुले हैं।
वरिष्ठ भाजपा नेता नारायण चंदेल ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री ने दाऊ का नाम लिए बगैर कहा था कि कांग्रेस में कुछ लोग स्लीपर सेल की तरह काम कर रहे हैं। इससे यह पता चलता है कि कांग्रेस संगठन को भूपेश बघेल ने रसातल में ला दिया है। क्योंकि कांग्रेस में कार्यकर्ताओं की उपेक्षा होती है। जबकि भाजपा में छोटे से छोटे कार्यकर्ता को मान-सम्मान मिलता है।
हिन्दुस्थान समाचार /केशव शर्मा