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न्यू बंगाईगांव-कामाख्या वाया गोवालपारा दोहरी लाईन परियोजना को और अधिक गति
गुवाहाटी, 29 फरवरी (हि.स.)। रेलवे सुरक्षा आयुक्त (सीआरएस)/पूसी सर्किल बृजेश कुमार मिश्रा ने आज बामुनीगांव और छयगांव स्टेशनों के बीच बिछाई गई नई दोहरी लाइन का वैधानिक निरीक्षण पूरा किया। निरीक्षण के बाद, रेल लाइन के इस नये हिस्से से होकर ट्रेन परिचालन के लिए उन्होंने 90 किमी प्रति घंटे की अधिकतम गति की अनुमति प्रदान की। बिछाई गई यह नई दूसरी लाइन इस मार्ग से अधिक माल और यात्री परिवहन की आवाजाही के लिए सहायक होगी।
बामुनीगांव-छयगांव सेक्शन न्यू बंगाईगांव-कामाख्या वाया ग्वालपारा 176 किमी दोहरी लाइन परियोजना का एक हिस्सा है। कार्य सेक्शन के आधार पर किए जा रहे हैं और सेक्शन दर सेक्शन चालू किए जा रहे हैं। बामुनीगांव-छयगांव सेक्शन की लंबाई 8.782 किमी है। रेल संरक्षा आयुक्त (सीआरएस)/पूसी सर्किल ने सभी पुलों, आरयूबी और सिग्नलिंग सिस्टम समेत इस सेक्शन का गति परीक्षण किया। इस दोहरी लाइन क्षेत्र के लिए आधुनिक तकनीकों जैसे सभी वाइड बेस प्री-स्ट्रेस्ड कंक्रीट (पीएससी) स्लीपर्स और थिक वेब स्विच के साथ मजबूत ट्रैक संरचना का उपयोग किया गया है, जो प्री-स्ट्रेस्ड कंक्रीट स्लीपरों पर मजबूत स्विच का नया डिजाइन है और उच्च गति को संभाल सकता है।
उल्लेखनीय है कि दोहरी लाइन की बुनियादी संरचना का कार्य होने के बाद स्टेशनों पर बगैर स्टॉप-ओवर क्रॉसिंग के दोनों दिशाओं में ट्रेनों (यात्री और माल) की आवाजाही हो सकेगी, जिससे ट्रेनों के समय पालन में बढ़ोतरी होगी। अधिक ट्रेनों को बढ़ी हुई गति के साथ संचालित किया जा सकता है, जिससे न्यूनतम समय सीमा के साथ बेहतर कनेक्टिविटी सक्षम होगी।
इससे पहले, 17 अक्टूबर 2023 को धूपधरा-बामुनीगांव सेक्शन 25.459 किमी, 03 मई 2023 को मिर्जा-आजरा सेक्शन 11.35 किमी और 24 नवंबर 2022 को दुधनई-धूपधरा सेक्शन 29.71 किमी को चालू किया गया था। न्यू बंगाईगांव-कामाख्या वाया ग्वालपारा सेक्शन के पूर्ण दोहरीकृत होने पर, पूर्वोत्तर कनेक्टिविटी को देश के बाकी हिस्सों के साथ लोगों और सामग्री दोनों के परिवहन की दिशा में महत्वपूर्ण बढ़ावा मिलेगा। न्यू बंगाईगांव और कामाख्या वाया ग्वालपारा दोहरी लाइन परियोजना के पूरा होने से मेघालय के दूर-दराज के क्षेत्रों को भी अत्यधिक लाभ होगा।
हिन्दुस्थान समाचार/अरविंद/आकाश