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जयपुर, 29 फ़रवरी (हि.स.)। जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग मंत्री कन्हैयालाल चौधरी ने कहा कि प्रदेश में अंतिम छोर तक आमजन को पेयजल पहुंचाना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसको मद्देनजर रखते हुए आगामी गर्मी के मौसम में पेयजल समस्या का समाधान हर हालात में करना है। इसके लिए विभाग के अधिकारी पूर्ण प्रतिबद्धता के साथ कार्य करते हुए कंटीजेंसी प्लान तैयार करने के साथ-साथ आमजन को राहत दिलाने के हर संभव प्रयास करें।
जलदाय मंत्री गुरुवार को जलभवन में आयोजित संभागस्तरीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक के दौरान संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि जल जीवन योजना के तहत हर घर नल से जल पहुंचाने के लिए जो कार्य अभी तक अधूरे रह गए हैं, उन्हें पूर्ण करने के लिए केन्द्र सरकार द्वारा अतिरिक्त समय प्रदान किया गया है। ऐसे में विभागीय अधिकारी निर्धारित समयावधि में गुणवत्तापूर्ण कार्य करवाया जाना सुनिश्चित करावें। इस अवधि में कार्य पूर्ण नहीं करने वाले अधिकारियों के विरूद्ध सख्त कार्यवाही की जाएगी।
जलदाय मंत्री ने कहा कि जल जीवन मिशन योजना के तहत किये जाने वाले कार्यो को पूर्ण इमानदारी एवं गुणवत्ता के साथ करवाया जाना सुनिश्चित करावें। गुणवत्तापूर्ण कार्य नहीं करवाने वाले अधिकारी की जिम्मेदारी तय की जाएगी। अधिकारी यह भी सुनिश्चित करावें कि प्रयोगशाला से गुणवत्ता जांच के बाद ही योजना के तहत पाइप लाइन बिछाई जावे। योजना की डीपीआर तैयार करते समय अधिकारी मौके पर जाकर धरातल पर योजना के तहत किये जाने वाले कार्यों को अंजाम देवें।
उन्होंने उन्होंने जल जीवन मिशन के तहत पाइप लाइन बिछाने के दौरान तोड़ी गई सड़कों को संवेदक से ही दुरुस्त करवाए जाने के निर्देश प्रदान किये। बैठक में वन एवं पर्यावरण मंत्री संजय शर्मा, सीकर सांसद सुमेधानंद सरस्वती, हवामहल विधायक स्वामी बालमुकुंद आचार्य, बगरू विधायक डॉ. कैलाश वर्मा, बानसूर विधायक देवीसिंह शेखावत, नीमकाथाना विधायक सुरेश मोदी, सिकराय विधायक विक्रम बंशीवाल, धोद विधायक गोवर्धन वर्मा, पूर्व विधायक दौसा शंकरलाल शर्मा सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं मुख्य अभियंता राकेश लुहाड़िया सहित अन्य अधिकारी गण उपस्थित रहे।
हिन्दुस्थान समाचार/रोहित/ईश्वर